नियमित नहीं होंगी अवैध कॉलोनियां, सरकार के पास विचाराधीन नहीं है नियमितीकरण का कोई प्रस्ताव

फ़रीदाबाद | वर्तमान समय में हरियाणा में लगातार अपने पैर पसार रही अवैध कॉलोनियां नियमित नहीं होंगी, ऐसे में कहा जा रहा है कि विधान सभा के बजट सत्र में सरकार ने यह पूरी तरह से साफ कर दिया है. इस प्रकार का कोई भी प्रस्ताव सरकार के पास फिलहाल विचाराधीन नहीं है. ऐसे में सक्षम अधिकारी का प्रस्ताव आने पर सरकार अवैध कॉलोनियों को सिर्फ नागरिक सुख सुविधाओं से अपूर्ण क्षेत्र घोषित कर सकती है. बता दें कि कॉलोनियों के नियमितीकरण को लेकर जजपा विधायक रामकुमार गौतम और कांग्रेस विधायक शीशपाल केहरवाला ने अतारांकित सवाल पूछा था.

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शहरी स्थानीय निकाय मंत्री अनिल विज ने बताया है कि अनियमित कॉलोनियों को नियमित नहीं किया जाएगा। सरकार नागरिक सुख-सुविधा व अवसंरचना प्रबंधन विशेष उपबंध अधिनियम 2016 के तहत अब तक 685 कॉलोनियों को नागरिक सुख सुविधाओं व अवसंरचना से अपूर्ण क्षेत्र घोषित कर चुकी है।

हरियाणा

दरअसल, इस मामले पर अनिल विज ने अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि यदि अपूर्ण क्षेत्रों में नागरिक सुख सुविधाओं व अवसंरचना प्रबंधन अधिनियम के अंतर्गत सक्षम अधिकारी प्रस्ताव भेजते हैं तो उस स्थिति में कॉलोनियों को निर्धारित मापदंडों के मुताबिक जांचा जाता है. वही, जांच में सही पाए जाने पर उसे नागरिक सुख सुविधाओं से अपूर्ण क्षेत्र घोषित कर दिया जाता है.

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कॉलोनी को नियमित करने के बारे नहीं किया गया विचार

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विज ने इस मामले पर प्रकाश डालते हुए कहा है कि 17 जनवरी 2020 को अधिसूचना जारी कर शहरी निकाय विभाग ने फरीदाबाद की दो कॉलोनियां को अपूर्ण क्षेत्र घोषित किया गया है. ऐसे में कालांवाली की जगबीर सिंह कॉलोनी, खुशीराम कॉलोनी, हिसार कॉलोनी व मास्टर कॉलोनी को नियमित करने के बारे में अभी किसी प्रकार का विचार नहीं किया गया है.

 

कॉलोनियां

वहीं सरकार की ओर से जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक कहा जा सकता है कि वर्ष 2014 से वर्ष 2020 तक काटी गई कॉलोनियों में अब तक कुल 970 अवैध कोलोनिया पाई गई है.

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