Business Ideas: इस फसल की खेती करने से होगी अच्छी कमाई, जानें पूरी डिटेल्स

बिज़नस डेस्क, Business Ideas | आज के टेक्नोलॉजी भरी जिंदगी में हर चीज़ बदल गई है. गांव से लेकर शहर तक हर जगह बदलाव देखने को मिलता है. वही किसानों के भी खेती का स्वरूप बदला है. अब किसानों ने गेंहू, चावल और सब्जियों की खेती के अलावा कुछ ऐसी फसलों की खेती करने की शुरुआत की है. जिससे अच्छी कमाई हो सके.

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बता दें कुछ ऐसी फसलें होती है जिनके जरिये हम हर साल लाखों की कमाई कर सकते है. दरअसल, इनके दाम बाजार में काफी महंगे होने के चलते ये काफी महंगी बिकती है. जिसके चलते इन फसलों के उत्पादन से किसानों की अच्छी आमदनी हो जाती है. तो आज हम आपको ऐसी ही एक फसल के बारे में बताने जा रहे है जिसके जरिये आप लाखों की कमाई कर सकते है.

अश्वगंधा की खेती

आज हम बात करने जा रहे है एक ऐसी फसल की की जिसका हर भाग कीमती है. हम बात करने जा रहे है अश्वगंधा की इस फसल की खेती करके कोई भी व्यक्ति मोटी कमाई कर सकता है. इस फसल की खेती करके किसान तीन गुना अधिक कमाई करके मालामाल बन सकता है.

अश्वगंधा खेती के लिए तापमान और मिट्टी

इस फसल की खेती के लिए खारे पानी की जरूरत होती है. अश्वगंधा एक जड़ी बूटी और आयुर्वेदिक औषधि है. यह कई प्रकार के रोग दूर करने में प्रयोग की जाती है. इसका पौधा दिखने में झाडी की तरह होता है. एक बार इसकी फसल लगा देने पर कई सालों तक उत्पादन होता रहता है. इसका हर भाग उपयोगी होता है. अश्वगंधा की छाल, बीज और फल से कई तरह की दवाएं बनती हैं. इसकी खेती का सही समय गर्मी के मौसम में बारिश शुरू होने पर है. इसकी खेती के लिए जमीन में नमी रहना जरूरी है. अश्वगंधा के पौधों के अच्छे विकास के लिए तापमान 20-35 डिग्री और 500 से 750 एमएम वर्षा जरूरी है.

अश्वगंधा खेत की जुताई

अश्वगंधा के खेतों की जुताई अगस्त और सितंबर महीने यानी बारिश के बाद करनी चाहिए. इसकी जुताई कल्टीवेटर से कम से कम दो बार होनी चाहिए. साथ ही नर्सरी या खेतो में पानी की निकासी का उचित इंतजाम होना जरूरी है. अश्वगंधा के लिए गोबर की खाद अच्छी होती है. कहा जाता है इससे बीजों का अंकुरण अच्छा होता है. अगर सामान्य बरसात हो रही हो तो ऐसे में अश्वगंधा की फसल को सिंचाई की जरूरत नही होती. अश्वगंधा जड़ वाली फसल है इसलिए समय-समय पर निराई-गुडाई करते रहने से फसल अच्छी बनी रहती है.

उत्पादन लागत और कमाई

अश्वगंधा के उत्पादन में हुए खर्चे के बाद कही ज्यादा अधिक कमाई हो जाती है. अनुमान के अनुसार इसके एक हेक्टेयर के खेत मे अश्वगंधा की खेती करने पर करीब 10 हजार का खर्चा आ जाता है. जबकि 5 क्विंटल जड़ों तथा बीज की बिक्री से लगभग 78,750 रुपए की आमदनी हो जाती है. यानी एक हेक्टेयर से 6 से 7 महीने में करीब 60 हजार रुपये की कमाई हो जाती है. इस तरह 5 हेक्टेयर की खेती करके करीब 3 लाख रुपये साल में कमाए जा सकते है. बताया जाता है अश्वगंधा के एक हेक्टेयर खेत से करीब 7-8 क्विंटल ताजा जड़ें निकलती है. जबकि सूख जाने पर ये केवल 5-6 क्विंटल ही रह जाती है. जिसमे से 50-60 किलो ही बीज प्राप्त होता है. इसके बावजूद भी अश्वगंधा की खेती में लागत से तीन गुना अधिक की कमाई की जा सकती है.

जानकारी के लिए बता दें भारत में अश्वगंधा की खेती हरियाणा, राजस्थान, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, गुजरात, पंजाब, केरल, आंध्र प्रदेश और जम्मू कश्मीर में होती है.

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